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श्रीनिवास ने कहा, ‘‘उच्चतम न्यायालय ने चुनावी बॉन्ड कोअवैध करार हुए कहा था कि लोकतंत्र में किसने, किस पार्टी को, कितना पैसा दिया, यह सच जानने का हक जनता को है। न्यायालय ने एसबीआई को आदेश दिया था कि छह मार्च तक चुनावी बॉन्ड के तहत चंदा देने वालों के नाम सार्वजनिक किए जाएं और चुनाव आयोग के साथ साझा किए जाएं।’’
नयी दिल्ली। भारतीय युवा कांग्रेस के अध्यक्ष श्रीनिवास बी.वी. ने मंगलवार को कहा कि भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) को उच्चतम न्यायालय के आदेश का पालन करते हुए छह मार्च तक चुनावी बॉन्ड का ब्यौरा सार्वजनिक करना चाहिए क्योंकि लोकतंत्र में जनता को यह जानने का हक है किसने किस पार्टी को चंदा दिया है। उन्होंने एक बयान में यह आरोप भी लगाया कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने ‘रिश्वतखोरी का काला सच’ छिपाने के लिए एसबीआई को ढाल बनाया है।
श्रीनिवास ने कहा, ‘‘उच्चतम न्यायालय ने चुनावी बॉन्ड कोअवैध करार हुए कहा था कि लोकतंत्र में किसने, किस पार्टी को, कितना पैसा दिया, यह सच जानने का हक जनता को है। न्यायालय ने एसबीआई को आदेश दिया था कि छह मार्च तक चुनावी बॉन्ड के तहत चंदा देने वालों के नाम सार्वजनिक किए जाएं और चुनाव आयोग के साथ साझा किए जाएं।’’
उन्होंने कहा कि एसबीआई को इस समयसीमा के भीतर ही न्यायालय के आदेश का पालन करना चाहिए। एसबीआई ने राजनीतिक दलों द्वारा भुनाए गए प्रत्येक चुनावी बॉण्ड के विवरण का खुलासा करने के लिए 30 जून तक समय देने का सोमवार को उच्चतम न्यायालय से अनुरोध किया।
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